इस फेस्टिव सीजन बैंक फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर ज्यादा मुनाफा कमाने का शानदार मौका है। 1 नवंबर से कई प्रमुख बैंकों ने अपनी FD ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है। हालांकि, इनमें से कुछ स्पेशल ऑफर्स सीमित समय के लिए ही हैं जो जल्द खत्म होने वाले हैं।
उदाहरण के लिए, सूर्योदय स्मॉल फाइनेंस बैंक सीनियर सिटीजन्स को अधिकतम 8. 60% ब्याज दे रहा है, लेकिन यह मौका सिर्फ 16 नवंबर तक ही है। एचडीएफसी बैंक ने भी 4 नवंबर से अपनी दरें संशोधित की हैं, जहां सीनियर सिटीजन्स को 7.
20% तक ब्याज मिल रहा है। वहीं उत्कर्ष SFB की 666 दिनों की स्पेशल एफडी पर बुजुर्गों को 8. 50% का शानदार रिटर्न मिल रहा है।
अगर आप भी अपने दिवाली बोनस या एक्स्ट्रा कैश को 1 से 12 महीने के लिए निवेश करना चाहते हैं, तो जानिए क्या है सही रणनीति। 1 से 3 महीने की छोटी अवधि के लिए पैसा लगाना हो, तो मामूली ब्याज दर के चक्कर में पड़ने के बजाय लिक्विडिटी (पैसे की तुरंत उपलब्धता) को तरजीह दें।
इसके लिए आप ऑटो-स्वीप सेविंग्स अकाउंट का इस्तेमाल कर सकते हैं, जिससे बैंक खाते में ही इमरजेंसी फंड बना रहता है। ओवरनाइट फंड्स भी बेहतरीन विकल्प हैं, जहां पैसा तुरंत निकाला जा सकता है और पहले दिन के बाद कोई एग्जिट लोड नहीं लगता। वहीं, लिक्विड फंड्स पर शुरुआती 7 दिनों तक अलग-अलग दरों से एग्जिट लोड वसूला जाता है।
अगर आप शॉर्ट-टर्म एफडी चुनते हैं, तो समय से पहले पैसा निकालने (प्री-मैच्योर विड्रॉल) पर लगने वाले चार्ज पर नजर जरूर रखें। जैसे, एचडीएफसी बैंक समय से पहले पैसा निकालने पर 1% तक की पेनल्टी लेता है। बेस्ट फेस्टिव एफडी रेट्स: FD, RD और लिक्विड फंड्स की तुलनाबैंकअधिकतम दर (सामान्य)अधिकतम दर (सीनियर सिटीजन)ऑफर सीमा / प्रभावी तिथिHDFC Bank6.
60%7. 20%4 नवंबर 2026 से लागूAxis Bank6. 60%7.
35%29 अक्टूबर 2026 से लागूUtkarsh SFB8. 10%8. 50%1 नवंबर 2026 से लागूSuryoday SFB8.
25%8. 60%16 नवंबर 2026 तकनिवेश का जरियाऔसत 1-साल का रिटर्न (टैक्स से पहले)टैक्स नियमटैक्स के बाद का अनुमानित रिटर्न (30%)Liquid fund~6. 6%सेक्शन 50AA (स्लैब )~4.
6%Ultra‑short fund~6. 8%सेक्शन 50AA (स्लैब )~4. 7%Arbitrage fund~6.
7%सेक्शन 111A (20%)~5. 4%Big‑bank FD~6. 6%टैक्स स्लैब ~4.
6%अगर आप 6 से 12 महीने के लिए निवेश की योजना बना रहे हैं, तो एफडी लेडरिंग के साथ आर्बिट्राज या अल्ट्रा-शॉर्ट फंड्स का कॉम्बिनेशन बना सकते हैं। आर्बिट्राज फंड्स पर इक्विटी की तरह टैक्स लगता है, जहां सेक्शन 111A के तहत शॉर्ट-टर्म कैपिटल गेन पर 20% टैक्स देना होता है।
30% वाले हाई टैक्स स्लैब में आने वाले निवेशकों के लिए यह एफडी या लिक्विड फंड के मुकाबले पोस्ट-टैक्स ज्यादा बेहतर रिटर्न दे सकता है। फिलहाल इस कैटेगरी में 1 साल का रिटर्न 6. 5% से 6.
8% के आसपास ही चल रहा है, इसलिए सिर्फ हेडलाइन रिटर्न के बजाय पैसों की लिक्विडिटी को ध्यान में रखकर ही पोर्टफोलियो बनाएं। पैसों की सुरक्षा के लिहाज से किसी भी एक बैंक में अपने कुल जमा को ₹5 लाख की DICGC इंश्योरेंस सीमा के भीतर ही रखें। स्मॉल फाइनेंस बैंकों (SFBs) को भी अन्य कमर्शियल बैंकों की तरह ही बीमा सुरक्षा मिलती है।
अगर आपके पास बड़ी रकम है, तो उसे अलग-अलग बैंकों या परिवार के सदस्यों के नाम पर विभाजित करके लगाएं और गैर-बैंकिंग जमा (नॉन-बैंक डिपॉजिट) से बचें। रविवार, 8 नवंबर को मुहूर्त ट्रेडिंग है; ऐसे में अपने सरप्लस कैश को फिलहाल लिक्विड फंड्स में रखें और फिर धीरे-धीरे इक्विटी खरीदारी करें।
ध्यान रखें कि आपका KYC अपडेट हो, ऑनलाइन बुकिंग की सुविधा लें, प्री-मैच्योर पेनल्टी की शर्तें समझें, और ₹40,000/₹50,000 की TDS सीमा के आधार पर पात्र होने पर फॉर्म 15G/15H जरूर जमा करें। ।
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